डीजल की कीमतों से परेशान जमुनिया, मल्लपुर, न्यूरिया सहित कई गाव के ग्रामीणों ने क्रषि सिचाई नहरों की मांग को लेकर छेड़ी मुहीम “जमुनिया गंगा आवाहन अभियान” का बजा बिगुल !

चेन्ज न्यूज़ – 1970 के दशक में रमनगरा वाईफरकेशन से सम्पूर्ण क्षेत्र के क्रषि विकास हेतु शेरपुर निवासी पीलीभीत पूर्व सांसद मो0 शमसुल हसन के प्रस्ताव पर उस समय की

सरकार ने मो0 शमसुल हसन के आवाहन पर सिंचाई नहरों का निर्माण किया था किन्हीं कारणों से या यूं कहें जमुनियां क्षेत्र के दुरभाग्यवश इस क्षेत्र में सिंचाई नहरों का निर्माण नहीं किया जा सका। जिस कारण दशकों से यह क्षेत्र डीजल खरीद कर अपनी क्रषि भूमि को सींच रहा हैं और अपनी आय की एक मोटी कमाई डीजल खर्च के रूप में बहाता चला आ रहा है इस व्यर्थ के खर्च का यदि योग मात्र देखा जाये तो लाखों करोडों की धन राशि में होता है यह नुकसान मात्र यहां के किसानों का नुकसान नही है बल्कि राज्य तथा देश का नुकसान है यदि इस क्षेत्र में भी सिंचाई नहरें निकल जाये तो क्षेत्रीय किसानों का धन तो बचेगा ही साथ ही साथ भारत सरकार द्वारा सब्सिडी पर दिये जा रहें डीजल की खपत न के बराबर हो जायेगी जिससे प्रति वर्ष भारत सरकार को लाखों रूपये की सब्सिडी के रूप में होने वाले धन खर्च में भी अभूतपूर्व कमी आयेगी। क्षेत्र के वाईफरकेशन से निकलने वाली सिंचाई नहर से वर्षों से पूरब दिशा में ही अधिकतर जल का लाभ दिया जा रहा है। और वही जमुनियां क्षेत्र इस लाभ से वर्षो से वंचित चला आ रहा है इस असमानता को रोकने के लिये जगमोहन दक्ष प्रधान संपादक “विचार क्रांति न्यूज़” की अगुआई में जमुनियां गंगा आवाहन अभियान का आरम्भ किया गया है| जगमोहन दक्ष ने गाव के बेलताल पर बने माँ महा लक्ष्मी मन्दिर पर सर्व प्रथम मन्दिर पर संख बजाकर अभियान की सुरुआत की उसके बाद जमुनिया व अन्य गावो में जाकर जन सम्पर्क किया और जगह-जगह गाव-गाव “गंगा आवाहन” अभियान का संखनाद किया | कई गाव के कृ्षक व ग्रामीणों ने अपने हस्ताक्षर कर अपनी सहभागिता निभाई सभी गाव के युवाओ ने “गंगा आवाहन” अभियान का एजेंडा हर ग्रामीण तक पहुचाने के लिए घर – घर जाकर सम्पर्क कर रहे हैं |

जब भी इस विषय के सम्बन्ध में कोई बैठक, सूचना या कोई कार्यवाही सुनिश्चित होती है तब ग्रामीणों को समय – समय पर सूचित किया जायेगा |

 

 

आज मौनी अमावस्यां के दिन स्नान और दान करने से शुभफल मिलने की मानी जाती हैं परम्परा  

मौनी अमावस्या के दिन लोग तीर्थ स्थलों पर जाकर स्नान दान करके खिचड़ी का भोग लगाकर प्रसाद ग्रहण करते हैं 

चेन्ज न्यूज़ – हरिद्वार कुंभ माघ पूर्णिमा से लगेगा लेकिन आज मौनी अमावस्या पर भी संगम और हरिद्वार में स्नान के लिए भक्तों की लाइन लगी रहती है। कहते हैं कि मौनी अमावस्या पर स्नान और तिल दान करने से कई गुना फल मिलता है। यह भी मान्यता है कि मौनी अमावस्या के दिन गंगा का जल अमृत के समान हो जाता है। इसलिए भक्त संगम और तीर्थ स्थलों में आस्था की डुबकी लगाते हैं। इस दिन पितरों का तर्पण भी आपके जीवन के सभी कष्ट हर लेता है। 

वैसे तो साल की हर अमावस्या पर पितरों को याद किया जाता है| लेकिन मौनी अमावस्या पर पितरों का तर्पण बहुत खास है। आज मौनी अमावस्या पर स्नान और दान का शुभ मुहूर्त पूरे दिन है। इस बार मौनी अमावस्या पर महोदय योग बन रहा है। इस योग में स्नान और दान का महत्व और भी अधिक बढ़ जाता है।

 

उत्थान ज्योतिष संस्थान के निदेशक पं0 दिवाकर त्रिपाठी पूर्वांचली के अनुसार, मौनी अमावस्या पर सूर्य, चंद्, बुध, गुरु, शुक्र और शनि मकर राशि में गोचर करेंगे। यह संयोग स्नान पर्व के महात्म्य में वृद्धि करेगा। ज्योतिषाचार्य अवध नारायण द्विवेदी के अनुसार गुरुवार को श्रवण नक्षत्र और गुरु साध्य योग में आस्था की डुबकी लगाना शुभदायक रहेगा।